मथुरा, 27 सितम्बर 2025:
नवरात्रि एवं दशहरा पर्व के मद्देनज़र खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, उत्तर प्रदेश लखनऊ एवं जिलाधिकारी मथुरा के आदेशों के अनुपालन में जिले में विशेष सतर्कता बरती जा रही है।

सहायक आयुक्त (खाद्य) द्वितीय धीरेन्द्र प्रताप सिंह के निर्देशन व मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ज्ञानपाल सिंह के नेतृत्व में जनपद मथुरा में 18 सितम्बर से चल रहे विशेष जांच अभियान के अंतर्गत अब तक 29 खाद्य पदार्थों के नमूने विश्लेषण हेतु एकत्रित किए जा चुके हैं।
इन नमूनों में कुट्टू का आटा (7), मूंगफली दाना (1), सेंधा नमक (3), देशी घी (4), रिफाइण्ड सोयाबीन तेल (1), पेड़ा (2), समां के चावल (1), सिंघाड़े का आटा (1), साबूदाना (2), अरहर दाल (1), गाय का दूध (1), शहद (1), खोया बर्फी (1), पैक्ड काजू (1), सूजी (1) और कुट्टू की मिगी (1) शामिल हैं। ये सभी नमूने जांच के लिए राजकीय खाद्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
इस विशेष सचल दल में भरत सिंह, मोहर सिंह कुशवाह, अरूण कुमार, दलवीर सिंह, राम नरेश, धर्मेन्द्र सिंह, जितेन्द्र सिंह एवं रीना शर्मा शामिल रहे।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने आम जनता से अपील की है कि कुट्टू का आटा, सिंघाड़े का आटा, समां के चावल एवं साबुदाना खरीदते समय उसकी पैकिंग पर निर्माण व समाप्ति तिथि अवश्य देखें। वहीं, सभी खाद्य कारोबारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि खुले कुट्टू आटे का विक्रय न करें।
ज्ञात हो कि मथुरा जनपद “कुट्टू प्रोन” क्षेत्र के रूप में चिन्हित है, जहां पूर्व में खुले कुट्टू के आटे के सेवन से फूड प्वाइजनिंग की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। इसी कारण विभाग द्वारा खुले कुट्टू आटे के विक्रय एवं भंडारण पर पहले ही प्रतिबंध लगाया जा चुका है।
विशेष खाद्य सुरक्षा अभियान आगामी त्योहारों तक जारी रहेगा।








