2027 तक मथुरा की 30% खेती होगी प्राकृतिक, 5 हजार किसानों को जोड़ने का लक्ष्य

पंडित श्याम चतुर्वेदी, भाजपा मीडिया प्रभारी 

 

मथुरा, 19 जून। भाजपा के “12 साल विश्वास के, विकास के, जन कल्याण के” अभियान के अंतर्गत संभागीय कृषि शोध केंद्र, राया में आयोजित प्राकृतिक खेती कार्यशाला में मथुरा को प्राकृतिक खेती का अग्रणी जिला बनाने का संकल्प लिया गया। कार्यक्रम में किसानों को रासायनिक खेती के विकल्प के रूप में प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
मुख्य अतिथि प्रदेश सरकार के मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर देश प्राकृतिक खेती की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती से लागत कम होगी, उत्पादन की गुणवत्ता बढ़ेगी और धरती की सेहत भी सुरक्षित रहेगी। उन्होंने किसानों को केवीके राया द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे निशुल्क प्रशिक्षण का लाभ उठाने का आह्वान किया।
विधायक पूरन प्रकाश ने कहा कि मथुरा की सांस्कृतिक और कृषि परंपरा गोपालन तथा प्राकृतिक खेती से जुड़ी रही है। उन्होंने अपने क्षेत्र में प्राकृतिक खेती के प्रदर्शन प्लॉट स्थापित कराने की बात कही। विधायक राजेश चौधरी ने मिट्टी परीक्षण और वैज्ञानिक पद्धति से प्राकृतिक खेती अपनाने पर बल देते हुए इसे किसानों की आर्थिक समृद्धि का माध्यम बताया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष निर्भय पाण्डेय ने कहा कि पार्टी का लक्ष्य प्रत्येक बूथ पर प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों का समूह तैयार करना है। किसान मोर्चा गांव-गांव जाकर जीवामृत और अन्य प्राकृतिक तकनीकों का प्रशिक्षण देगा।
20 मॉडल गांव बनेंगे, किसान आंदोलन का रूप लेगी प्राकृतिक खेती

पंडित श्याम चतुर्वेदी मीडिया प्रभारी भाजपा

कार्यक्रम के अंत में भाजपा के जिला मीडिया प्रभारी श्याम चतुर्वेदी ने अभियान की भावी रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि यह केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि किसानों और पर्यावरण के भविष्य को सुरक्षित करने का जनआंदोलन है। उन्होंने बताया कि पहले चरण में 5 हजार किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ा जाएगा तथा जिले के 20 गांवों को मॉडल प्राकृतिक खेती गांव के रूप में विकसित किया जाएगा।
श्याम चतुर्वेदी ने कहा कि भाजपा संगठन, कृषि विभाग और वैज्ञानिक संस्थान मिलकर किसानों तक प्राकृतिक खेती की तकनीक पहुंचाएंगे। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 तक मथुरा जिले की 30 प्रतिशत खेती को प्राकृतिक खेती के दायरे में लाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिससे मथुरा प्रदेश ही नहीं बल्कि देश के लिए भी एक मॉडल जिला बनकर उभरेगा।
कार्यक्रम में प्रदेश उपाध्यक्ष किसान मोर्चा हीरा सिंह कुंतल, जिला कृषि अधिकारी आवेश सिंह, मुख्य विकास अधिकारी पूजा गुप्ता, केवीके वैज्ञानिक डॉ. बी.वाई.के. शर्मा, जिला महामंत्री सतपाल चौधरी, अमन ठाकुर, मृदुला गोस्वामी, रणवीर सिंह, निर्मला बघेल सहित भाजपा पदाधिकारी, कृषि विशेषज्ञ और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।