नौ साल पुराने अपहरण, हत्या और दुष्कर्म प्रयास मामले में दोषी को उम्रकैद

 

एडीजीसी सुभाष चतुर्वेदी 

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मथुरा 20 मई 2026।

मथुरा की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सुनाया फैसला, विभिन्न धाराओं में अलग-अलग सजा व अर्थदंड

वर्ष 2017 में कोसीकलां से बच्चों को झांसा देकर ले जाने, एक किशोर की गोली मारकर हत्या करने तथा किशोरी के साथ अभद्रता और लूटपाट के चर्चित मामले में मथुरा की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने आरोपी दिलीप को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने विभिन्न धाराओं में अलग-अलग सजा और अर्थदंड भी लगाया है।

एडीजीसी सुभाष चतुर्वेदी

एडीजीसी सुभाष चतुर्वेदी ने बताया कि अपर सत्र न्यायाधीश, त्वरित न्यायालय (महिला विरुद्ध अपराध)-प्रथम, मथुरा के न्यायाधीश विजय कुमार सिंह ने बुधवार को सत्र परीक्षण संख्या 588/2017 राज्य बनाम दिलीप में फैसला सुनाया। अदालत ने आरोपी दिलीप को धारा 302 भारतीय दंड संहिता के तहत आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

 

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दुष्कर्म के प्रयास, लूट और आर्म्स एक्ट में भी सजा

अदालत ने आरोपी को धारा 376/511 आईपीसी में 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 30 हजार रुपये अर्थदंड, धारा 394 आईपीसी में 10 वर्ष का सश्रम कारावास और 30 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। वहीं धारा 411 आईपीसी और धारा 3/25 आर्म्स एक्ट में तीन-तीन वर्ष के सश्रम कारावास एवं 10-10 हजार रुपये अर्थदंड लगाया गया है।

एडीजीसी सुभाष चतुर्वेदी कोर्ट ने आदेश दिया कि सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी। साथ ही आरोपी द्वारा विचारण के दौरान जेल में बिताई गई अवधि को धारा 428 दंड प्रक्रिया संहिता के तहत समायोजित किया जाएगा।

यह था मामला

एडीजीसी सुभाष चतुर्वेदी ने बताया, 3 मई 2017 को डीग निवासी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका भतीजा चन्द्रशेखर अपनी बहनों के साथ चंदौली से डीग लौट रहा था। कोसीकलां टैक्सी स्टैंड पर एक मारुति वैन चालक ने डीग जाने का झांसा देकर तीनों को वाहन में बैठा लिया।

आरोप है कि राजस्थान के डीग जिले के गांव मवाई निवासी दिलीप (चालक) बच्चों को कामां और फिर गोवर्धन होते हुए अन्य स्थानों पर घुमाता रहा। देर रात तक संपर्क न होने पर परिजनों ने गोवर्धन थाना, कामां थाना और पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी तथा पूरी रात बच्चों की तलाश की।

अगली सुबह जचौंदा और जुनसुटी के जंगल में चन्द्रशेखर का शव मिला। उसके सिर में गोली मारी गई थी। वहीं किशोरी के जेवर लूट लिए गए थे और उसके साथ अभद्र व्यवहार किया गया था। पुलिस जांच और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी दिलीप के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया गया था।