संगठित अपराध करने वाले को दस साल रहना होगा सलाखों के पीछे

मथुरा, हत्या के मामले में नामजद गैंगस्टर को विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट ब्रम्हतेज चतुर्वेदी की अदालत ने अधिकतम 10 वर्ष के कारावास और 5 हजार रुपये अर्थदण्ड की सजा से दण्डित किया है। शासन की ओर से मुकदमे की पैरवी विशेष लोक अभियोजक शैलेन्द्र कुमार गौतम द्वारा की गई। फरह थाना क्षेत्र के ग्राम कौह में वर्ष 2013 में हुई हत्या की वारदात में जगदीश पुत्र किशन सिंह निवासी ग्राम कौह को नामजद किया गया था। फरह पुलिस ने 14 अगस्त 2013 को जगदीश के खिलाफ गैंग स्टर की कार्रवाई की थी। पुलिस ने गैंगस्टर में जगदीश के खिलाफ आरोप पत्र तैयार कर उसे न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमे की सुनवाई एडीजे विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट ब्रम्हतेज चतुर्वेदी की अदालत में हुई। विशेष लोक अभियोजक शैलेन्द्र कुमार गौतम ने बताया कि अदालत ने जगदीश को गैंगस्टर के मामले का दोषी करार देते हुए अधिकतम दस वर्ष के कारावास और 5 हजार रुपये अर्थदण्ड की सजा से दण्डित किया है। विशेष लोक अभियोजक ने बताया कि निर्णय सुनाए जाने के बाद अदालत ने उसका सजाई वारंट बनाकर उसे सजा भुगतने के लिए जेल भेज दिया।