-खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने की छापा मार कार्रवाई
विक्रांत चौधरी, आदित्य मंगल न्यूज :
बांके बिहारी नगरी वृंदावन

गुरुवार रात को खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग ने मिठाईयों की दुकानों और गोदाम पर छापे मारे। यहां 700 किलोग्राम मिलावटी पेड़ा मिला। जो राजस्थान के धौलपुर से मंगाकर तीर्थ यात्रियों को बेचा जा रहा था। छापे की कार्रवाई के दौरान अधिकारियों को यह भी जानकारी मिली कि गोवर्धन में भी मिलावटी पेडा का खेल बड़े स्तर पर किया जा रहा है। पेडा की तरह मिल्क केक में भी मिलावट की जा रही है।
मथुरा-वृंदावन का पेड़ा देश भर में प्रसिद्ध है। तीर्थ यात्री इसे सर्वाधिक पंसद करते है। इसका फायदा उठाकर उनको मिलावटी पेडा और मिल्क केक बेचने का कार्य बडे स्तर पर किया जा रहा है। मिलावट के खेल का कोई पहली बार भंडाफोड़ नहीं हुआ है। इससे पहले भी कई बार ऐसे मामले सामने आए हैं। मगर आज तक मिलावटखोरों के खिलाफ ऐसी कोई कड़ी कार्रवाई नहीं हो पाई है, जिससे मिलावट के इस धंधे पर पूरी तरह से विराम लगाया जा सके। खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने जारी किए अपने प्रेस नोट में इन मिलावट खोरों के नाम भी उजागर करने से परहेज किया है। यही कारण है कि दुकानदार लगातार मिलावटी खाद्य सामग्री बेच रहे है। हालांकि खाद्य एवं सुरक्षा अधिकारी डा. गौरी शंकर ने जांच के लिए पांच नमूना लिए हैं। इनको टेस्ट कराने के लिए प्रयोगशाला भेजने और रिपोर्ट मिलने पर कठोर कार्रवार्ठ किए जाने का भी संकेत दिए है।
ठाकुरजी को भी मिलावटी पेड़ा का भोग : वृदावन में लाखों श्रद्धालु आते है। वह पेड़ा खरीद कर ठाकुरजी को भोग लगाते है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने यहां मारे छापे के बाद यह पूरी तरह से साफ हो गया कि तीर्थ यात्रियों की भावना को भी आहत किया जा रहा है। सवाल यह है कि मिलावटखोर मथुरा शहर के अलावा दूसरे कस्बों में भी सक्रिय है
-पर्व पर होती है कार्रवाई : जिम्मेदार अधिकारी पर्व पर भी इस तरह की कार्रवाई करते हैं। अब मुडिया पूर्णिमा मेला भी आ रहा है। यहां परिक्रमा लगाने के लिए लाखों लोग देश भर से आएंगे। वह परिक्रमा लगाने के बाद ब्रज के विभिन्न धार्मिक क्षेत्रों में यात्रा करने के लिए जाते है। इस मौके पर भी दुकानदार मिलावटी खाद्य सामग्री बेचते है।








