नई दिल्ली 13 सितम्बर : बल्लीमारन से आम आदमी विधायक इमरान हुसैन
अब तक अपने विधानसभा क्षेत्र की हिन्दू बहुल गलियों सड़कों के रखरखाव विकास उपेक्षा के आरोपों से पहले ही घिरे हुए है, अब उन पर हिन्दू एवं
हिन्दी विरोधी होने का आरोप लगाया गया है।
श्रीकृष्ण जन्मभूमि के मूल गर्भ गृह स्थल से मस्जिद हटाकर वहां पर पुनः भगवान का मंदिर निर्माण करने का कैसे हुआ प्रस्ताव पारित ?
दिल्ली भाजपा के प्रवक्ता एवं चाँदनी चौक नागरिक मंच के महासचिव प्रवीण शंकर ने कहा है की आज इमरान हुसैन चेहरा फिर बेनकाब हो गया है और अब तो समय है की आम आदमी पार्टी इस हिन्दू एवं हिन्दी विरोधी होने के मामले में विधायक पर करवाई होनी चाहिए।
श्री कपूर के अनुसार भारत सरकार एवं दिल्ली सरकार की आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत बल्लीमारन में मिर्जा गालिब की हवेली के सामने स्थित सरकारी दवाखाने को आयुष्मान योजना में सम्मिलित कर वहां योजना के नाम “आयुष्मान अरयोग्य मंदिर” का बोर्ड स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाया गया। इविधायक इमरान हुसैन पर आरोप है कि सरकारी योजना के बोर्ड को लेकर राजनीतिक रंग दे दिया और लोगों को एकत्र कर भाजपा सरकार एवं हिंदू विरोधी नारेबाजी कराई गई। साथ ही विधायक इमरान हुसैन के दबाव में अधिकारियों को “आयुष्मान अरयोग्य मंदिर” का बोर्ड उतारना पड़ा।
प्रवीण शंकर कपूर ने इस संदर्भ में दिल्ली सरकार से मांग की है की “आयुष्मान अरयोग्य मंदिर” बोर्ड पुनः लगवाया जाये और विधायक पर कानूनी कार्रवाई हो।
श्री कपूर ने सुझाव दिया है की इस दवाखाने का नाम हकीम अजमल खां आयुष्मान अरयोग्य मंदिर रखा जा सकता है।
“आप” नेता अरविंद केजरीवाल को अपने हिन्दू विरोधी विधायक पर कार्रवाई करनी चाहिए।








