समाज के एक बड़े धड़े में जश्न का माहौल, करीब दस महीने पहले हुए चुनाव को दी गई थी न्यायालय में चुनौती
मथुरा ;
अग्रवाल सभा के करीब दस महीने पहले हुए निर्वाचन को लेकर आज उप निबंधक आगरा ने एक बड़ा फैसला सुनाया है। करीब दस महीने पहले हुए
निर्वाचन को ही कालातीत घोषित कर दिया है। इस प्रकरण में उच्च न्यायालय ने उपनिबंधक आगरा को 31 जनवरी 2024 तक प्रकरण का हल करने के पूर्व में आदेश दिए थे।
उप निबंधक आगरा के इस फैसले से वर्तमान में काबिज गुट को तगड़ा झटका लगा है। अग्रवाल समाज मे भी हलचल मच गई है।
अग्रवाल सभा मे 15 हजार रजिस्टर्ड मतदाताओं है न। निर्वाचन में 139 नामांकन पत्रों पर एकतरफा कार्यवाही की गई थी। 43 पद पर पदाधिकारी और अन्य को तो निर्वाचित घोषित कर दिया गया, अन्य नामांकन पत्र बिना किसी कारण बताए ही खारिज कर दिए गए थे। इकतरफा और मनमानी की गई करवाई से अग्रवाल समाज के अधिकांश मतदाता खफा हो गए। एक दर्जन आम मतदाता इस निर्वाचन के खिलाफ उच्च न्यायालय की शरण ली और उपनिवंधक आगरा के कार्यालय में भी शिकायत दर्ज कराई गई। समाज के शशिभानु गर्ग ने बताया कि इस प्रकरण को लेकर लंबी बहस हुई और दोनों पक्षों को सुना गया। इसके बाद उच्च न्यायालय ने 31 जनवरी 2024 तक इस प्रकरण सुलझाने के आदेश जारी करते हुए सब रजिस्ट्रार को भी निर्देशित किया था। सब रजिस्टार ने आज इस मामले में अपना निर्णय सुनाते हुए तत्काल प्रभाव से अग्रवाल सभा की वर्तमान कमेटी को कालातीत घोषित कर दिया। इस की खबर मिलते ही न्यायालय की शरण मे जाने वाले मतदाता और इकतरफा किए गए निर्वाचन का विरोध करने वाले गुट में जश्न का माहौल व्याप्त हो गया। चौक बाजार चौराहे पर सचिन चौधरी, आशीष गर्ग और गगन बंसल की अगुवाई में समाज के लोगों ने आतिशबाजी और मिष्ठान वितरण कर अपनी खुशी जाहिर की। होली गेट चौराहे पर पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष वीरेंद्र अग्रवाल ने भी मिष्ठान वितरण करते हुए कहा यह सत्य की जीत है। समाज से बड़ा कोई नहीं हो सकता है। संपूर्ण समाज की अनदेखी कर मनमानी करने वालों के लिए यह सार्थक निर्णय है
बीएसए इंजीनियरिंग और टेक्नोलॉजी कॉलेज के अध्यक्ष उमाशंकर अग्रवाल एडवोकेट ने कहा, अनैतिक तरीके से कराया गया चुनाव आम समाज की भावनाओं की अनुरूप नहीं था। परीक्षण से यह साफ हो गया है यह फैसला समाज हित में है।
उच्च न्यायालय व उपनिवंधक के यहां शिकायतकरता पराग गुप्ता ने कहा कि आम मतदाताओं की अधिकारों का हनन करने पर सक्षम न्यायालय ने समाज हित में यह निर्णय लिया है।
अग्रवाल सभा के पूर्व पदाधिकारी शशिभानु गर्ग ने कहा कि निर्णय का गहनता से परीक्षण किया जा रहा है उसी के अनुरूप समाज की वरिष्ठ लोगों की साथ बैठक करके समाज हित में आगामी रणनीति तैयार की जाएगी।










