दीपावली पर घर कैसे आएगी धन-संपदा — वृंदावन के संत पंडित श्यामानंद महाराज ने बताई पूजन विधि

वृंदावन। दीपावली का पर्व केवल दीप जलाने का अवसर नहीं, बल्कि माता लक्ष्मी को अपने घर आमंत्रित करने का पावन क्षण है। वृंदावन के संत पंडित श्यामानंद जी महाराज के अनुसार, इस दिन शुद्ध मन, स्वच्छ वातावरण और सच्चे भाव से किया गया पूजन ही घर में धन, समृद्धि और सौभाग्य लाता है।

वृंदावन के संत पंडित श्यामानंद जी महाराज

🌼 पूजन की तैयारी

महाराज जी कहते हैं — “जहां स्वच्छता, सत्य और संतोष का वास होता है, वहीं माता लक्ष्मी स्थायी रूप से निवास करती हैं।”

दीपावली की संध्या को घर की पूरी सफाई करें। पूजन स्थल को गंगाजल से पवित्र करें और लाल या पीले वस्त्र पर श्री लक्ष्मी और गणेश जी की मूर्तियां स्थापित करें।

🌸 पूजन विधि

 गणेश पूजन से प्रारंभ करें।

विघ्नों के निवारण के लिए पहले श्री गणेश का ध्यान करें।

 लक्ष्मी जी का आवाहन करें।

मंत्र बोलें — “ॐ श्रीं महालक्ष्म्यै नमः।”

पूजन सामग्री अर्पित करें।

कमल पुष्प, चावल, कुंकुम, मिठाई, धूप, दीप और दक्षिणा अर्पित करें।

 आरती करें।

“जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता…” भक्ति से गाएं।

दीप प्रज्वलन और प्रतीक्षा

दीपावली की रात दीपक बुझने न दें। यह लक्ष्मी जी के स्थायी आगमन का प्रतीक है।

🌺 पूजन का भाव

महाराज जी के अनुसार, “पूजन में कृत्रिमता नहीं, भावना प्रमुख होनी चाहिए। धन वहीं आता है, जहां भक्ति, सेवा और सद्भाव का वास हो।”

🌻 विशेष उपाय

दरवाजे पर दीप जलाएं और रंगोली बनाएं।

तिजोरी या धन स्थान पर भी दीप रखें।

किसी को अपशब्द न कहें, वाणी में मधुरता रखें।

रात्रि में मां लक्ष्मी की विदाई न करें।

पंडित श्यामानंद जी महाराज का संदेश:

“दीपावली का दीप केवल तेल से नहीं, बल्कि भक्ति से जलना चाहिए। जब मन का अंधकार मिटता है, तभी धन-संपदा का प्रकाश घर में प्रवेश करता है।”