तीन वर्षाें में सड़क के चौड़ीकरण की लागत 24 से बढ़कर हुई 56 करोड़


-विधायक ने आंदोलित किसानों की मांग को बताया जायज
– स्वीकृत होने के बाद शासन से आवंटित नहीं हो सका धन
-बलदेव-बरौली मार्ग के निर्माण की मांग को लेकर भाकियू का 36 वें दिन भी धरना जारी
-एक साल पहले लोक निर्माण विभाग के मंत्री जितिन प्रसाद ने भी की थी घोषणा
-तीन बार विधान सभा में सत्तादल के विधायक ने उठाया मामला
-लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों पर लगाया ठीक से पैरवी न करने का आरोप
मथुरा: मथुरा और आगरा को जोड़ने वाले बलदेव कैलाश मार्ग की बदहाली को दूर किए जाने की मांग को लेकर भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले क्षेत्रीय ग्रामीण पिछले 36 दिन से धरने पर बैठे हुए है। तीन साल इस मार्ग के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण का एस्टीमेट 24 करोड़ रुपये का था, जो अब बढ़कर 56 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल लोक निर्माण विभाग के मंत्री जितिन प्रसाद ने भी इस मार्ग पर कार्य आरंभ कराने के आदेश दिए थे, लेकिन आज तक इस मार्ग पर कोई कार्य शुरू नहीं हो सका। धन आवंटन की मांग को लेकर तीन बार क्षेत्रीय विधायक पूरन प्रकाश ने भी विधान सभा में उठाई। उन्होंने आंदोलित ग्रामीणों की मांग को जायज ठहराया और साथ ही लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों पर ठीक से पैरवी न किए जाने का भी आरोप लगाया।
भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के बैनर तले बलदेव विकास खंड के ग्रामीण सराय सालवान गांव के पास 36 दिन से धरने पर बैठे हुए हैं। उनकी मांग बलदेव-कैलाश मार्ग के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण करने की है। साथ ही निर्माणाधीन उत्तरी बाईपास पर यमुना एक्सप्रेस वे माइल स्टोन 140 से दो किलोमीटर पहले कट की मांग है। किसानों के धरने को समाप्त कराने के लिए कई दौर की वार्ता प्रशासनिक अधिकारियों के साथ हुई, पर कोई संतोषजन जवाब नहीं मिलने से किसान अपनी मांग पर अड़े हुए है। जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह भरंगर ने आंदोलन का समर्थन किया है। क्षेत्रीय विधायक पूरन प्रकाश भी आंदोलन को जायज बता रहे हैं, पर आंदोलित ग्रामीणों की मांग पूरी नहीं हो रही है।
-धन मिला नहीं और बढ़ती गई लागतः तीन साल पहले बलदेव से कैलाश मार्ग 23 किलोमीटर लंबाई के इस मार्ग के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के लिए लोक निर्माण विभाग ने 24 करोड़ रुपये का एस्टीमेट बनाया। धनराशि आवंटित न होने से दूसरे साल में इसकी लागत बढ़कर 48 करोड़ रुपये हो गई और तीसरे साल में 56 करोड़ 80 लाख रुपये हो गई। पिछले साल लोक निर्माण विभाग मंत्री जितिन प्रसाद ने स्थानीय लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस पर मथुरा और आगरा को जोड़ने वाल मार्ग को कार्य आरंभ करने के आदेश विभागीय अधिकारियों को दिए। विधायक पूरन प्रकाश ने बताया, तीन बार वह इस मार्ग पर कार्य आरंभ कराने के लिए विधान सभा में मांग कर चुके। उसके बाद भी धनराशि आवंटित नहीं की गई।

-कार्य का एस्टीमेट बनाकर शासन को भेज दिया गया है। अभी धनराशि आवंटित नहीं हो सकी है। धन प्राप्त होते ही इस मार्ग का निर्माण आरंभ करा दिया जाएगा।-सूरज कुमार, अधिशाषी अभियंता प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग

– चलते हैं भारी वाहनः इस मार्ग पर बलदेव और आगरा के बीच रात को भारी चलते है। भाकियू नेता गजेंद्र सिंह ने बताया, करीब दस साल से मार्ग बदहाल है। दस किमी लंबाई का ऐसा हिस्सा है, जहां सड़क नजर नहीं आती है। जब तक इस मार्ग का कार्य पूरा नहीं होगा, उनका आंदोलन जारी रहेगा।

विधयाक चाहते तो पहले ही बन जाता मार्ग: भाकियू नेता गजेंद्र सिंह परिहार का कहना है कि क्षेत्रीय विधायक चाहते तो यह मार्ग पहले ही बन जाता। मगर, विधयाक ने इस मार्ग को लेकर कोई पहल नहीं की। इसलिए ही यह मार्ग क्षतिग्रस्त पड़ा हुआ है। विधयाक चुनाव के दौरान हुए विरोध के कारण इस मार्ग का निर्माण नहीं करवा रहे हैं।