96 हत्याओं का रहस्य उजागर करना पुलिस के लिए एक चेलेंज, 69 पर एफआईआर

Aaditya mangal news
राधा कुंड में शनिवार शाम को भिंड के रहने वाले बाबा भेषधारी ओमप्रकाश ने एक छह साल के बालक का पांव पकड़ कर कंधे पर उठाया और फिर सरेआम सड़क पर पछाड़ कर मौत के घाट उतारकर जिस घटना को अंजाम दिया। वह दिलदहला देने वाली थी। मगर, हत्या के आरोपी ने भीड़ के बीच जो बात कही वह रोंगटे खड़े करने वाली थी। भीड़ जब आरोपी को पीट रही तब उसने कहा था कि ये उसने 97 वीं बलि चढ़ाई है, जबकि उसका इरादा 108 बलि देने का था। अगर, आरोपी के इस कथन में सत्यता है, तब इससे पहले की गई हत्याओं के रहस्य से पर्दा उठाना, पुलिस के लिए एक चेलेंज ही है।

राधाकुंड निवासी हरपाल का छह वर्षीय पुत्र अंकित अपने पिता की केले की ढकेल के पास खड़ा था। तभी ओमप्रकाश ने आकर बालक को पकड़ लिया और कंधे के ऊपर उठाकर उसने सड़क पर पछाड़-पछाड़ कर मार डाला। घटना के बाद आक्रोश मुखर हो गया। भीड़ ने ओमप्रकाश को दबोच लिया । जाम लगाकर हंगामा किया। जब एम्बुलेंस शव लेने आई तो पथराव कर दिया।

भीड़ ने ओमप्रकाश की पिटाई करना आरंभ किया तो उसने कहा कि ये उसने 97 वीं बलि चढ़ाई है और उसका इरादा 108 बलि देने का था। पिटाई के कारण ओमप्रकाश की हालत खराब हो गई। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। स्थानीय नागरिक विष्णु ने बताया कि ओमप्रकाश ने भीड़ के बीच कहा था कि  ये 97 वीं बलि बताई थी। विष्णु की दुकान घटना स्थल के पास ही है। विष्णु ने यह भी बताया कि आरोपी जब बच्चे को पछाड़ रहा था, तब कह रहा था कि तूने मुझे बेधर्म कर दिया। असलियत तो अब पुलिस की जांच में सामने आएगी। आखिर आरोपी की नीयत क्या थी। क्या वह मानसिक रोगी था या नहीं।

एसपी ग्रामीण त्रिगुण बिसेन ने इस तरह की कोई बात कही, इसकी उनको अभी तक  जानकारी नहीं मिली है। उनका कहना है, आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी।

मगर, सवाल यह है कि ओमप्रकाश सत्य कह रहा है तो इससे पहले की 96 हत्या आरोपी ने कहां और किसकी की। इस रहस्य को खोलना पुलिस के लिए एक चेलेंज है।

घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। जिसमे बाबा लुंगी पहने हुए दिखाई दे रहा है। पहले एक व्यक्ति पर हाथ रखता है। उसके बाद तेजी से भागता है और बालक को पकड़ कर अपने कंधे पर उठाता है। उसके पैर पकड़ सड़क पर पछाड़ता हुआ दिखाई दे रहा है। तभी भीड़ बाबा की तरफ भागती है और उसको पकड़ लेती है। भीड़ बाबा को पीटते हुए भी दिखाई दे रही है।

 

बावल में 19 नामजद, 50 महिला पुरुष अज्ञात

राधाकुंड में बालक की हत्या के बाद भड़की भीड़ के खिलाफ भी पुलिस ने बवाल करने और सरकारी कार्य मे बाधा डालने का मुकदमा थाना गोवर्धन में दर्ज कर लिया है। उपनिरीक्षक राघवेंद्र सिंह ने कराई रिपोर्ट में कहा है कि जब वह मौके पर पहुंचे तो भीड़ बाबा को पीट रही थी। भीड़ के चंगुल से बाबा को छुड़ा कर अस्पताल भेजा। इस बीच भीड़ में शामिल राधाकुंड निवासीगण नेहना, गोपाल, परशुराम, लक्ष्मण, बलराम, विष्णु पान वाला, चंचल, राधे, मोनू देवे समेत 19 नामजद और 50 अज्ञात महिला पुरुषों ने बालक के शव को छुड़ा लिया। पत्थरबाजी की। एम्बुलेंस के शीशे तोड़ दिए। सरकारी कार्य मे बाधा डाली। इन सब पर मृतक के शव के साथ अमानवीय व्यवहार किए जाने का भी आरोप है।