मथुरा पुलिस का बड़ा एक्शन: 37 साइबर ठग जेल में ठूंसे, एक दर्जन फरार

मनोज चौधरी 

गिरफ्तारी के दौरान पुलिस का विरोध, फर्जी आधार कार्ड बरामद… थाना गोवर्धन क्षेत्र में साइबर गिरोह पर अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई 

मथुरा जिले के थाना गोवर्धन पुलिस ने साइबर अपराध पर बड़ी कार्रवाई करते हुए गुरुवार देर रात ग्राम देवसेरस में छापेमारी कर 37 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार कर मथुरा जेल भेज दिया। इनमें 31 अपराधी ऐसे हैं, जो संगठित साइबर ठगी गिरोह के सक्रिय सदस्य बताए जा रहे हैं। छापेमारी के दौरान कई आरोपियों ने पुलिस का विरोध भी किया, जबकि करीब एक दर्जन आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहे।

पुलिस की यह कार्रवाई 11/12 दिसंबर की रात 22:05 बजे मंदिर के पास की गई, जिसमें साइबर ठगों के ठिकानों पर एकबारगी दबिश देकर आरोपियों को घेर लिया गया। पकड़े गए 06 आरोपियों के पास से फर्जी आधार कार्ड मिले हैं।

थाना गोवर्धन में इनके खिलाफ मु0अ0सं0 638/2025 के तहत BNS की कई गंभीर धाराएं—318(4), 336(3), 338, 340(2), 111(3), 132, 191(2)—सहित IT Act की धारा 66C, 66D में मुकदमा दर्ज किया गया है।

साइबर गिरोह की ‘कसी नकेल’

पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सुरेश चंद्र रावत के अनुसार यह पूरा गैंग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, फर्जी कॉल और डिजिटल माध्यमों से बड़े पैमाने पर ऑनलाइन ठगी में शामिल था। कई आरोपी पहले से भी गैंगस्टर, NDPS, आर्म्स एक्ट, हत्या प्रयास, दंगा जैसे मामलों में वांछित पाए गए हैं।

पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि दबिश के बाद कुछ आरोपी अपने-अपने क्षेत्रों को छोड़कर भाग निकले हैं। इन्हें जल्द पकड़ने के लिए टीमें कई जिलों में दबिश दे रही हैं।

गिरोह के फरार सदस्यों पर शिकंजा

करीब 10–12 आरोपी फरार बताए जा रहे हैं, जिनकी खोज में गोवर्धन, वृंदावन, थाना शहर सहित जिले की कई टीमें लगातार लगी हुई हैं। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सुरेश चंद्र रावत का कहना है कि साइबर ठगी के बड़े नेटवर्क का यह केवल एक हिस्सा है।

पुलिस अधीक्षक का आधिकारिक बयान

पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सुरेश चंद्र रावत ने कहा “ग्राम देवसेरस में सक्रिय साइबर अपराधियों के खिलाफ अभियान चलाकर 37 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। गिरोह लंबे समय से डिजिटल फ्रॉड में लिप्त था। फरार आरोपियों को जल्द पकड़ा जाएगा।”

छह के पास मिले फर्जी आधार

छह साइबर अपराधियों से फर्जी आधार कार्ड मिले, जिनका उपयोग बैंक खातों व फर्जी सिम के माध्यम से ठगी में किया जाता था।

 चारों ओर अपराध इतिहास

गिरफ्तार कई आरोपी हत्या प्रयास, NDPS और गैंगस्टर जैसी गंभीर धाराओं में भी नामजद हैं।

एक ही गांव से 37 साइबर ठग!

ग्राम देवसेरस साइबर अपराधियों का नया हॉटस्पॉट बनकर उभरा है। कई आरोपी परिवार सहित साइबर नेटवर्क चला रहे थे।

 पुलिस को मिला नेटवर्क ब्रेक करने का सुराग

गिरफ्तार आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस जल्द बड़े नेटवर्क का खुलासा कर सकती है।